व्हाट्सएप से जुड़ने को क्लीक करें
Doorbeen News Desk: समस्तीपुर। भारत सरकार के “खेत बचाओ अभियान” के तहत एकीकृत नाशीजीव प्रबंधन केंद्र (आईपीएमसी), पटना द्वारा समस्तीपुर जिले के बेझडीह पंचायत सरकार भवन में किसान जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में किसानों ने भाग लेकर आधुनिक एवं टिकाऊ कृषि तकनीकों की जानकारी प्राप्त की।
कार्यक्रम के दौरान कृषि विशेषज्ञों ने किसानों को एकीकृत नाशीजीव प्रबंधन (IPM) की विभिन्न तकनीकों, बीज उपचार, एनपीएसएस (NPSS) ऐप के उपयोग तथा मित्र एवं शत्रु कीटों की पहचान के बारे में विस्तार से जानकारी दी। किसानों को बताया गया कि मित्र कीटों का संरक्षण कर और शत्रु कीटों का वैज्ञानिक तरीके से प्रबंधन कर फसलों को सुरक्षित रखा जा सकता है तथा उत्पादन लागत को कम किया जा सकता है।


विशेषज्ञों ने उर्वरकों एवं कीटनाशकों के सुरक्षित और संतुलित उपयोग पर भी जोर दिया। उन्होंने कहा कि रासायनिक दवाओं का विवेकपूर्ण उपयोग न केवल पर्यावरण संरक्षण में सहायक है, बल्कि मानव स्वास्थ्य और मिट्टी की उर्वरता को भी सुरक्षित रखता है।
कार्यक्रम में उपस्थित किसानों ने कृषि से जुड़ी अपनी समस्याओं और जिज्ञासाओं को विशेषज्ञों के समक्ष रखा, जिसका समाधान मौके पर ही किया गया। किसानों ने इस पहल को उपयोगी बताते हुए वैज्ञानिक कृषि पद्धतियों को अपनाने की प्रतिबद्धता जताई।


इस अवसर पर सहायक वनस्पति संरक्षण अधिकारी एस. ए. सज्जाद, मोहन कुमार एवं साक्षी ने किसानों को समेकित नाशीजीव प्रबंधन तकनीकों के लाभों की जानकारी दी और रासायनिक कीटनाशकों पर निर्भरता कम करने का आह्वान किया।
कार्यक्रम में प्रखंड तकनीकी प्रबंधक नीलू कुमारी, सहायक तकनीकी प्रबंधक सज्जाद आलम, कृषि समन्वयक सुरेन्द्र प्रसाद सिंह, मुकेश कुमार, कृषि सलाहकारों सहित सैकड़ों किसान उपस्थित रहे।
कृषि विभाग के अधिकारियों ने बताया कि “खेत बचाओ अभियान” का उद्देश्य किसानों को वैज्ञानिक, सुरक्षित एवं टिकाऊ कृषि पद्धतियों से जोड़ना है, ताकि उत्पादन बढ़ाने के साथ-साथ पर्यावरण और मानव स्वास्थ्य की भी रक्षा की जा सके।


*ताजपुर में युवक की पीट-पीटकर हत्या, शव के साथ NH-28 जाम; आरोपी की गिरफ्तारी की मांग पर उग्र प्रदर्शन – Doorbeen News*
ताजपुर में युवक की पीट-पीटकर हत्या, शव के साथ NH-28 जाम; आरोपी की गिरफ्तारी की मांग पर उग्र प्रदर्शन





