समग्र गव्य विकास योजना में लाभुकों को मिलेगा 50% से 75% का अनुदान, बिहार सरकार के ग्रामीण क्षेत्र के युवा किसानों के लिए बेहतर विकल्प

व्हाट्सएप से जुड़ने को क्लीक करें

समग्र गव्य विकास योजना में लाभुकों को मिलेगा 50% से 75% का अनुदान, बिहार सरकार के ग्रामीण क्षेत्र के युवा किसानों के लिए बेहतर विकल्प

Doorbeen News Desk: ग्रामीण क्षेत्र के कृषकों, बेरोजगार युवक-युवतियों के लिए 2, 4, 15 एवं 20 दुधारू मवेशियों, हिफर की डेयरी इकाई स्थापित करने के लिए सुनहरा अवसर दिया है। इसके तहत समस्तीपुर में भी युवा आवेदन कर सकते हैं, हालांकि अभी आवेदन की तिथि नहीं निकाली गयी है। इसके लिए युवा एवं बेरोजगार युवक को इंतजार करना होगा। बिहार सरकार के द्वारा समग्र गव्य विकास योजना के तहत अत्यंत पिछड़ा वर्ग एवं एससी एसटी वर्ग के लिए 75% एवं अन्य वर्गों के लिए 50% का अनुदान भी दिया जा रहा है।

:योजना का उद्देश्य : राज्य के सभी वर्गों के कृषकों, पशुपालकों, बेरोजगार युवक-युवतियों के लिए स्व-रोजगार का सृजन करना एवं राज्य में दुग्ध उत्पादन में वृद्धि लाना।

:आवेदन के लिए कागजात : आवेदक का फोटो, आधार कार्ड, जमीन का रसीद, जाति प्रमाण पत्र, स्वलागत के लिए योजना की पूर्ण राशि ज लिए बैंक पासबुक का फोटो कॉपी।

:योजना का क्रियान्वयन: योजना का क्रियान्वयन राज्य के सभी जिलों के ग्रामीण क्षेत्रों में संबंधित जिला के जिला गव्य विकास पदाधिकारी, सम्बद्ध जिला के जिला गव्य विकास पदाधिकारी द्वारा किया जायेगा। इस योजना के आवेदन पत्र गव्य विकास निदेशालय के वेबसाईट पर भरे जायेंगे।

:आवेदकों का चयन : स्वलागत या बैंक ऋण से संबंधित प्राप्त आवेदनों को जिला स्तर पर जिला के जिला अग्रणी बैंक पदाधिकारी की अध्यक्षता में गठित स्क्रीनिंग समिति द्वारा की जायेगी। इस योजना में विभाग द्वारा प्रशिक्षित आवेदकों, दुग्ध सहकारिता समिति के सदस्यों एवं जीविका के स्वयं सहायता समूहों से जुड़े व्यक्तियों को क्रमानुसार प्राथमिकता दी जायेगी। इस योजना के लिए लाभूकों की उम्र 55 वर्ष से अधिक नहीं होना चाहिए। आवेदकों का चयन “पहले आओ पहले पाओ” के आधार पर किया जायेगा।

:योजना के लिए जमीन : 04 उन्नत दुधारू मवेशी, बाछी-हिफर की इकाई की स्थापना के लिए कम से कम 15 डिसमिल, 15 एवं 20 उन्नत दुधारू मवेशी, बाछी-हिफर की इकाई की स्थापना के लिए कम से कम 30 डिसमिल अपनी जमीन या लीज की जमीन हो ताकि वे हरा चारा का उत्पादन कर सके।

:मवेशी का क्रय: उन्नत दुधारू मवेशी का क्रय अधिकृत पशु आपूर्तिकर्ता द्वारा राज्य के बाहर से लाये गये उन्नत दुधारू मवेशी, बाछी-हिफर में से क्रय समिति के समक्ष किया जायेगा। पशुपालक राज्य के बाहर से भी अधिकृत पशु आपूर्तिकर्ता से पशु क्रय कर सकते हैं।

विदित हो कि समग्र गव्य विकास योजना के तहत दो एवं कर दुधारू मवेशी के लिए अत्यंत पिछड़ा वर्ग अनुसूचित जाति के लिए 75% तथा अन्य सभी वर्गों के लिए 50% का अनुदान एवं 15 तथा 20 दुधारू मवेशी के लिए सभी वर्गों के लिए 40% अनुदान की योजना है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *