फार्मर रजिस्ट्री में आ रही है समस्या, शिविर आज भी (11 जनवरी तक), आगे अनवरत चलेगा 

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फार्मर रजिस्ट्री में आ रही है समस्या, शिविर आज भी (11 जनवरी तक), आगे अनवरत चलेगा 

Doorbeen News Desk: प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजनाअन्तर्गत लाभ पाने वाले किसानों का फार्मर रजिस्ट्री चल रहा है। कई प्रकार की कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। फार्मर रजिस्ट्री का काम सरकार के निर्देशानुसार पूरे विहार में 11 जनवरी तक गाँवों में शिविर लगाकर किया जा रहा है। एडीएम ब्रजेश कुमार ने बताया कि लगातार अभी चलेगा।

11 जनवरी तक कैंप के माध्यम से आवेदन लिए जा रहे हैं। जिसमें राजस्व विभाग के कर्मचारी व कृषि विभाग के अन्य पदाधिकारी को रहना है। ताकि किसी प्रकार के कठिनाई नही हो। कठिनाई होने पर ऑन द स्पॉट समाधान किया जा सके। शशिभूषण शर्मा ने बताया कि ऑनलाइन किसानों से रसीद मांगी जाती है जबकि किसानों ने 2018 – 19 तक ऑनलाइन रसीद कटवाया है, उसमें जो जमाबंदी नंबर अंकित है। परंतु खाता खेसरा संख्या अंकित नहीं है, उसे वापस कर दिया जाता है। ऑनलाइन अगर खाता खेसरा अंकित नहीं है, उसमें किसानों की क्या गलती है, उसमें विभागीय गड़बड़ी है।

-: प्राथमिकता के आधार पर काम को किया जा रहा है:- एडीएम ब्रजेश कुमार ने बताया कि फॉर्मर रजिस्ट्री में दो तरह की समस्याएं आ रही है। किसानों का जमाबंदी तो है, लेकिन खाता खेसरा नहीं है। तो किस उसका खाता खेसरा के साथ डेकोमेंट लेकर कर्मचारियों को देंगे उसके बाद कर्मचारी अपने लागिग से परिमार्जन की जरूरत पड़े तो परिमार्जन से  या आरओआर से जरूरत पड़े तो आरओआर से अपडेट करेंगे। दूसरी समस्या यह आ रही है कि दादा – बाबा के नाम से जमाबंदी है, किंतु उसके नाम से नहीं है। तो वैसी स्थिति में सरकार का स्पष्ट निर्देश है कि आपस में पंचनामा बटवारा का बना लेना है। जिसमें चौहद्दी के साथ वर्णित हो। उसको लगा कि सकसेशन मॉटेशन के लिए अप्लाई कर देंगे।

सत्यापन के बाद उसका मोटेशन उनके नाम से हो जाएगा। उसका जमाबंदी उसके नाम से क्रिएट हो जाएगा। यह सामान प्रक्रिया है। सरकार के द्वारा छूट दिया गया है, इकोसिस्टम हटा दिया गया है। प्राथमिकता का आधार पर काम किया जा रहा है।

-: 2.20 लाख किसानों का बनना है डिजिटल पहचान:-समस्तीपुर जिले में प्रधानमंत्री सम्मान निधि योजना के तहत 2 लाख 20 हजार किसानों का फार्मर रजिस्ट्री होना है। जिसमें एक लाख सात हजार किसानो का केवाईसी किया गया है। वही लगभग 25 हजार रुपये आईडी बनाने के लिए आवेदन दिया गया है। पर सरवर की समस्या के कारण कैंप में तेजी में नहीं हो रहा है। सर्वर डाउन के कारण फार्मर रजिस्ट्री काम बहुत ही धीमा है।

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