व्हाट्सएप से जुड़ने को क्लीक करें
Doorbeen News Desk : शिवाजीनगर प्रखंड अंतर्गत घिवाही पंचायत के उत्क्रमित मध्य विद्यालय कलवारा में सोमवार को प्रार्थना सभा के बाद शैक्षणिक भ्रमण से लौटे छात्र छात्राओं ने अपने अनुभव विद्यालय के अन्य विद्यार्थियों के साथ साझा किए। विद्यार्थियों ने पटना के संजय गांधी जैविक उद्यान, बापू टावर और गोलघर के भ्रमण के दौरान देखी और सीखी गई महत्वपूर्ण बातों की विस्तार से जानकारी दी।
इस दौरान बच्चों ने बताया कि शैक्षणिक भ्रमण केवल मनोरंजन का माध्यम नहीं, बल्कि पुस्तकों में पढ़ी गई बातों को प्रत्यक्ष रूप से समझने का अवसर भी है। भ्रमण से लौटे विद्यार्थियों ने जैविक उद्यान में देखे गए विभिन्न पेड़-पौधों, वन्यजीवों और वहां की व्यवस्थाओं के बारे में सहपाठियों को जानकारी दी। उन्होंने बताया कि जैविक उद्यान में अलग अलग प्रजातियों के पशु पक्षियों को करीब से देखने और उनके संरक्षण के बारे में समझने का अवसर मिला।


विद्यार्थियों ने बापू टावर में महात्मा गांधी के जीवन, उनके विचारों और स्वतंत्रता आंदोलन से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारियों के बारे में भी बताया। वहीं गोलघर के इतिहास, उसकी विशेष स्थापत्य शैली और ऐतिहासिक महत्व की जानकारी भी साझा की गई। बच्चों ने बताया कि इन स्थानों पर जाकर इतिहास और सामान्य ज्ञान को प्रत्यक्ष रूप से समझना काफी रोचक रहा। बताया गया कि बीते शुक्रवार को विद्यालय के 50 छात्र छात्राओं और शिक्षक शिक्षिकाओं के दल को विद्यालय के एचएम बालमुकुंद सिंह, समाजसेवी संतोष सिंह, बाबा झा, मृत्युंजय सिंह, विजय कुमार, हीरालाल शाह, राजीव कुमार, राजन कुमार, पप्पू सिंह एवं संजय कुमार शाह ने संयुक्त रूप से हरी झंडी दिखाकर पटना के लिए रवाना किया था।
विद्यार्थियों ने पूरे दिन जैविक उद्यान, बापू टावर और गोलघर का भ्रमण किया तथा वहां के इतिहास, महत्व और विशेषताओं को समझा।


शनिवार को विद्यालय बंद रहने के कारण विद्यार्थियों के अनुभव उसी दिन साझा नहीं हो सके। सोमवार को विद्यालय खुलने के बाद प्रार्थना सभा में भ्रमण से लौटे बच्चों का स्वागत किया गया। इसके बाद शिक्षकों ने विद्यार्थियों से पूछा कि उन्होंने भ्रमण के दौरान क्याक्षक्या देखा, किन नई बातों की जानकारी मिली और कौन सी चीज उन्हें सबसे अधिक प्रभावित कर गई। बच्चों ने उत्साहपूर्वक अपने अनुभव सुनाए।
भ्रमण दल में शिक्षक पंकज कुमार, रोशन कुमार, गुरजंत, संगीता कुमारी, नवजोत कौर, प्रेम एवं दीपक कुमार शामिल थे। शिक्षकों ने भी विद्यार्थियों को भ्रमण के दौरान देखे गए ऐतिहासिक एवं शैक्षणिक स्थलों के बारे में विस्तार से बताया। शिक्षकों ने कहा कि ऐसे भ्रमण से बच्चों में सीखने की जिज्ञासा बढ़ती है और वे पाठ्यक्रम से बाहर की महत्वपूर्ण जानकारियों को भी आसानी से समझ पाते हैं।एचएम बालमुकुंद सिंह ने बताया कि भ्रमण से लौटने के बाद सभी विद्यार्थियों का विद्यालय में स्वागत किया गया।


बच्चों से उनके अनुभवों के बारे में जानकारी ली गई और उन्हें अपने सहपाठियों के साथ साझा करने के लिए प्रोत्साहित किया गया। उन्होंने कहा कि विद्यालय के शिक्षक शिक्षिकाओं ने अपने स्तर से राशि एकत्र कर विद्यार्थियों के लिए यह शैक्षणिक भ्रमण आयोजित कराया। इसका उद्देश्य बच्चों को कक्षा की पढ़ाई के साथ-साथ ऐतिहासिक, प्राकृतिक और सामाजिक परिवेश से प्रत्यक्ष रूप से परिचित कराना था।
एचएम ने कहा कि विद्यार्थियों में भ्रमण को लेकर काफी उत्साह देखने को मिला। ऐसे आयोजनों से बच्चों में आत्मविश्वास, जिज्ञासा और सामूहिक रूप से सीखने की भावना विकसित होती है। विद्यालय की ओर से भविष्य में भी विद्यार्थियों को ऐसे शैक्षणिक स्थलों का भ्रमण कराने का प्रयास किया जाएगा, ताकि उन्हें किताबों से बाहर निकलकर वास्तविक दुनिया को समझने का अवसर मिल सके।

*गलगल चौक से डुमरा मोहन चौक तक सड़क चौड़ीकरण को लेकर जनसुनवाई – Doorbeen News*
गलगल चौक से डुमरा मोहन चौक तक सड़क चौड़ीकरण को लेकर जनसुनवाई






One Comment