मंडल कार में डीएम ने किया ओपेन जिम का उद्घाटन, बंदी दरबार का आयोजन

व्हाट्सएप से जुड़ने को क्लीक करें

मंडल कार में डीएम ने किया ओपेन जिम का उद्घाटन, बंदी दरबार का आयोजन

Doorbeen News Desk: डीएम रोशन कुशवाहा द्वारा मंडल कारा, समस्तीपुर में बंदी दरबार का आयोजन हेतु कारा पर आगमन के उपरान्त सुरक्षा कर्मियों द्वारा उन्हें गार्ड ऑफ ऑनर दिया गया। तदोपरान्त जिला पदाधिकारी द्वारा मुख्यमंत्री खेल विकास योजना के अन्तर्गत कारा कर्मियों हेतु कारा परिसर में नव अधिष्ठापित ओपेन जिम का उद्घाटन किया गया।

ओपेन जिम का विधिवत् उद्घाटन के उपरान्त जिला पदाधिकारी, समस्तीपुर की अध्यक्षता में मंडल कारा, समस्तीपुर के अन्दर बंदी दरबार का आयोजन किया गया। बंदी दरबार में पुलिस अधीक्षक, समस्तीपुर की ओर से पुलिस उपाधीक्षक (रक्षित) श्री नरेन्द्र शर्मा पुलिस केन्द्र, समस्तीपुर, काराधीक्षक श्री प्रशान्त कुमार ओझा, प्रभारी उपाधीक्षक श्री मनोज कुमार सिंह, सहायक अधीक्षक श्रीमती प्रेरणा पटेल, श्रीमती कंचन कुमारी सहित कारा के सुरक्षा कर्मियों एवं कारा में संसीमित बंदी उपस्थित रहे।

सर्वप्रथम काराधीक्षक श्री प्रशान्त कुमार ओझा द्वारा जिला पदाधिकारी को पौधा से सम्मानित किया गया। जिला पदाधिकारी द्वारा बंदी दरबार में उपस्थित सभी बंदियों से उनकी शिकायत निवारण हेतु व्यक्तिगत एवं सामुहिक समस्या / सुझाव पूछे गये बंदियों द्वारा कारा में विद्युत आपूर्ति बाधक होने पर पानी की उपलब्धता हेतु 06 चापाकल लगवाने एवं भीषण गर्मी से बचाव हेतु वाटर कुलर उपलब्ध कराने हेतु लिखित आवेदन देकर अनुरोध किया गया।

जिला पदाधिकारी द्वारा बंदियों को आश्वासन दिया गया कि बंदी हित में कारा में चापाकल एवं वाटर कुलर यथाशीघ्र उपलब्ध करा दिया जाएगा। उनके द्वारा बताया गया कि विद्युत की आपूर्ति के लिए सोलर उपकरण हेतु संबंधित विभाग यथा ब्रेडा आदि को उपकरण लगाने हेतु निदेशित किया जाएगा तथा नया जनरेटर खरीदने हेतु विभाग को अनुशंसा भेजी जाएगी। उन्होंने काराधीक्षक को निदेश दिया कि इस संबंध में संबंधित विभाग से यथाशीघ्र पत्राचार करें। कुछ बंदियों द्वारा बंदी दरबार में अपने व्यक्तिगत पारिवारिक जमीनी समस्याओं के समाधान हेतु आवेदन समर्पित किया गया।

जिला पदाधिकारी द्वारा सभी को समुचित कार्रवाई का आश्वासन दिया गया। जिला पदाधिकारी द्वारा बंदियों को संबोधित करते हुए कहा कि कारा की व्यवस्था सुधार की ओर प्रगतिशील है। कारा में बंदियों की समस्याओं को न्युनतम करने का हर संभव प्रयास किया जा रहा है। उन्होंने बंदियो से नकारात्मक सोंच के उपर उठकर रचनात्मक कार्यों यथा कारा में चलायी जा रही मिथिला पेंटिंग प्रशिक्षण, शैक्षणिक प्रशैक्षणिक प्रशिक्षणों में बढ़-चढ़कर सम्मलित होने को कहा ताकि बंदी कारामुक्त होने के उपरान्त स्वावलंबी होकर अपना स्वयं की रोजगार स्थापित कर सके।

उन्होने सभी बंदियों को व्यवसायिक प्रशिक्षणों में बढ़-चढ़कर भाग लेने को कहा। बंदियों की अन्य किसी भी प्रकार की कोई समस्या/सुझाव नहीं होने पर काराधीक्षक द्वारा जिला पदाधिकारी, समस्तीपुर को मिथिला पेंटिंग की प्रतीक चिन्ह समर्पित कर बंदी दरबार समाप्ति की अनुमति प्राप्त की गयी।

 

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *