समस्तीपुर/रोसड़ा। समस्तीपुर जिले के चर्चित उपमुख्य पार्षद हत्याकांड का पुलिस ने खुलासा करते हुए मुख्य आरोपी सहित तीन को गिरफ्तार किया है। घटना के पीछे चुनावी रंजिश मुख्य कारण बताया गया है। समस्तीपुर एसपी विनय तिवारी ने बताया कि चुनावी रंजिश को लेकर यह घटना की गई। फिलहाल घटना में संलिप्त तीन आरोपियों की गिरफ्तारी की गई है, इसमें शहर के कठरबन्नी मोहल्ला निवासी शशिधर झा का पुत्र मुख्य आरोपी साकेत कुमार उर्फ राजा झा, शहर के ही पंजियार टोली मोहल्ला निवासी विष्णुदेव मंडल का पुत्र राजेश कुमार मंडल उर्फ खन्ना तथा शूटर मुजफ्फरपुर के मिठनपुरा थाना क्षेत्र के लक्ष्मीनगर कन्हौली निवासी देवेन्द्र सहनी का पुत्र विक्की कुमार शामिल है। एसपी ने बताया कि घटना के बाद मामले के उदभेदन के लिए तीन एसआईटी गठित गयी थी। इन टीमों के द्वारा अलग-अलग पहलुओं पर छानबीन की जा रही थी।


एसआईटी के द्वारा आसूचना संकलन व तकनीकी अनुसंधान के आधार पर घटना में शामिल आरोपियों की गिरफ्तारी को जिले के विभिन्न थाना क्षेत्रों एवं अन्य जिलों में छापेमारी की जा रही थी । इस दरम्यान तकनीकी अनुसंधान के आधार पर शूटर विक्की कुमार को मुजफ्फरपुर से गिरफ्तार किया गया। एसपी ने बताया कि जब धराये आरोपी विक्की से सख्ती से पूछताछ की गयी तो उसने घटना में अपनी संलिप्तता स्वीकार करते हुए सारे राज खोल दिये। वहीं आरोपी की निशानदेही पर ही घटना में प्रयुक्त की गई देशी पिस्टल व दो जिंदा कारतूस रोसड़ा थाना क्षेत्र के रहुआ पेट्रोल पंप के समीप झाड़ी से बरामद किया गया।


आरोपी के द्वारा बताए गए ठिकाने से साकेत कुमार उर्फ राजा झा तथा उसके सहयोगी राजेश मंडल उर्फ खन्ना को गिरफ्तार किया गया। एसपी ने बताया कि इस मामले में दो शूटर अभी फरार चल रहे हैं, जिन्हें चिन्हित कर लिया गया है। फरार शूटरों में वैशाली जिला के गरौल थाना क्षेत्र के आलमपुर का रहनेवाला अबरार वारसी व दलसिंहसराय थाना क्षेत्र के शाहपुर पगरा निवासी विजय शंकर झा का पुत्र सुभाष झा शामिल है। राजा का सहयोगी ललित महतो के पुत्र छोटू कुमार उर्फ अमन को भी पुलिस तलाश रही है, जो बेगूसराय के विशनपुर का रहनेवाला है। हालांकि छोटू उर्फ अमन रोसड़ा में किराए का मकान लेकर रहता है। एसपी ने बताया कि फिलहाल धराये तीनों आरोपियों को न्यायिक हिरासत में भेजा जा रहा है।

अन्य फरार आरोपियों की गिरफ्तारी को छापेमारी की जा रही है। एसपी ने बताया कि राजा झा हत्या मामले में सजायाफ्ता है और उसके विरुद्ध सीसीए भी लगी है। अरुण महतो हत्याकांड के मुख्य आरोपी राजा झा पर पूर्व से भी आपराधिक मामले दर्ज हैं। राजा के खिलाफ रोसड़ा थाना में अलग-अलग मामलों के करीब आधा दर्जन मामले दर्ज हैं। राजा के विरुद्ध सीसीए की भी कार्रवाई की जा चुकी है। राजा को हत्याकांड मामले में रोसड़ा एडीजे कोर्ट आजीवन कारावास का फैसला सुना चुकी है। घटना के बाद पांच साल बाद 25 मई 2017 को कोर्ट ने फैसला सुनाया था। इसके बाद करीब पांच साल पहले उच्च न्यायालय से मिली जमानत पर राजा जेल से बाहर आया था। जेल से बाहर आने के बाद प्रोपर्टी डीलर का काम करने लगा। हालांकि इस बीच भी कई मामले राजा के खिलाफ दर्ज हुए।

एसपी ने बताया कि 2022 में हुए नगर निकाय चुनाव के दौरान अरुण कुमार महतो एवं राजा झा के बीच आपसी समझौता हुआ था। जिसमें राजा झा की पत्नी मेयर के चुनाव लड़ रही थी, वहीं अरुण महतो की पत्नी भी उपमुख्य पार्षद की चुनाव लड़ रही थी। दोनों के बीच एक दूसरे को मदद करने की बात कही गई थी। लेकिन चुनाव में अरुण महतो के द्वारा राजा को मदद नहीं किया गया, जिसके कारण राजा की पत्नी मुख्य पार्षद की चुनाव हार गई। जिसके बाद राजा ने इस घटना को अंजाम देने की योजना बनाई और 7 सितंबर को शूटर की मदद से घटना को अंजाम दिया गया।





