बड़ी कार्रवाई : न्यू वर्मा मेडिकल हॉल सहित 5 दवा दुकानों का लाइसेंस निलंबित, जांच में मिली थी कई अनियमितता

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समस्तीपुर। दवा दुकानों में फार्मासिस्ट नही रहने एवं विभिन्न प्रकार के अनियमितता मिलने के कारण औषधी विभाग के द्वारा दस दवा दुकानों के विरुद्ध कारवाई की गयी है। पांच दवा दुकानों के लाइसेंस को जहां निर्धारित समय के लिए निलंबित कर दिया गया है। वहीं पांच दवा दुकानों के विके्रता से जवाब तलब किया गया है। साथ ही निलंबित अवधि में दवा दुकान खोले जाने पर विक्रेता के विरुद्ध सख्ती से कारवाई करने की भी चेतावनी दी गयी है। डीएम योगेंद्र सिंह के द्वारा विभागीय समीक्षा एवं एनसीओआरडी की बैठक के बाद दवा दुकानों की नियमित जांच करने का आदेश औषधी विभाग को दिया गया था। जिसके बाद डीआई की टीम लगातार जांच कर रही है। इस कड़ी में दुकानों में की गयी छापेमारी के दौरान अनियमितता मिलने के कारण पांच दवा दुकानों का लाइसेंस निर्धारित समय के लिए निलंबित कर दिया गया है।


इन दुकानों का लाइसेंस निलंबित:
डीएम के आदेश पर औषधी विभाग के एडीसी निलिमा कुमारी के द्वारा जारी प्रेस विज्ञिप्ती के अनुसार समस्तीपुर शहर के स्टेडियम मार्केट स्थित न्यू वर्मा मेडिकल हॉल, केवस निजामत रेबाड़ी ढाला भूषण चौक स्थित न्यू दुर्गा मेडिकल स्टोर, रोसड़ा सिनेमा चौक स्थित अन्नपूर्णा ड्रग्स, अस्पताल रोड गंगापुर पूसा रोड स्थित न्यू मिश्रा मेडिकल हॉल एवं पूसा के मोरसंड चौक स्थित भवानी मेडिकल हॉल का लाइसेंस निलंबित कर दिया गया है।


इन दुकानों से किया गया जवाब-तलब:
दवा दुकानों की जांच के दौरान मिली गड़बड़ी के कारण पांच दुकानों के विक्रेता से जवाब तलब किया गया है। एडीसी ने बताया कि रोसड़ा ब्लॉक रोड स्थित कृष्णा ड्रग्स, न्यू मार्केट मूलचंद रोड समस्तीपुर स्थित हेल्थ ड्रग्स एजेंसी, कल्याणपुर के पुरुषोतमपुर के न्यू मेडिसीन सेंटर, दलसिंहसराय के तृप्ति सुंदर कॉम्पलेक्स स्थित न्यू भारत होमिया हॉल एवं पटोरी के डीह मोहनपुर स्थित मां काली मेडिकल स्टोर के विक्रेता से जवाब तलब किया गया है।


जांच में मिली यह गड़बड़ी:
दवा दुकानों में गड़बड़ी की शिकायतों के बाद डीएम के निर्देश पर लगातार दवा दुकानों पर छापेमारी जारी है। इस दौरान इन दवा दुकानों में कई गड़बड़ी मिली है। एडीसी निलिमा कुमारी ने कहा कि विभिन्न कारणों से कारवाई की गयी है। इसमें मुख्य रुप से दवा दुकानों पर फार्मासिस्ट का नहीं होना।

सिड्यूल एचवन पंजी का अद्यतन नहीं होना। बिना डॉक्टरी पर्ची के दवा बेचने की अद्यतन रिपोर्ट उपलब्ध नहीं होना, पर्चेज बिल का नहीं होना सहित अन्य कारण से कार्रवाई की गयी है। उन्होंने कहा कि निलंबन अवधि में दवा दुकान खुले रहने पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।

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