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Doorbeen News Desk: सिंघिया प्रखंड मुख्यालय स्थित किसान भवन सभागार में शनिवार को आयोजित प्रखंड उर्वरक निगरानी समिति की बैठक यूरिया की कीमत को लेकर उठे सवाल और हो-हंगामे की भेंट चढ़ गई। बैठक में किसानों को निर्धारित सरकारी दर पर यूरिया उपलब्ध कराने को लेकर जनप्रतिनिधियों, निगरानी समिति के सदस्यों और उर्वरक विक्रेताओं के बीच काफी देर तक चर्चा हुई। किसानों ने सरकारी दर 266 रुपये में यूरिया उपलब्ध कराने की मांग जोरदार तरीके से रखी। वहीं, कुछ सदस्यों ने प्रखंड क्षेत्र में 320 रुपये में यूरिया बिक्री किए जाने की बात उठाई। इसको लेकर बैठक में काफी देर तक गहमागहमी बनी रही।
बैठक की अध्यक्षता प्रखंड प्रमुख बिरजू साहू ने की, जबकि संचालन प्रखंड कृषि पदाधिकारी सत्यम कुमार ने किया। बैठक में बीडीओ विवेक रंजन, उप प्रमुख रिंकू सिंह, पूर्व उप प्रमुख रौशन सिंह सहित कई जनप्रतिनिधि, उर्वरक निगरानी समिति के सदस्य एवं उर्वरक विक्रेता मौजूद थे। कार्यक्रम की शुरुआत दीप प्रज्वलित कर की गई। इसके बाद अतिथियों एवं उपस्थित गणमान्य लोगों को पौधा देकर सम्मानित किया गया।


बैठक में किसानों की ओर से कहा गया कि खेती के इस महत्वपूर्ण समय में यूरिया की आवश्यकता अधिक है। ऐसे में किसानों को सरकारी दर पर खाद उपलब्ध कराया जाना चाहिए, ताकि उन्हें अतिरिक्त राशि का भुगतान नहीं करना पड़े। किसानों और समिति के कुछ सदस्यों ने खाद की कीमत में अंतर को लेकर सवाल उठाते हुए व्यवस्था को स्पष्ट करने की मांग की।
वहीं, उर्वरक विक्रेताओं ने अपनी स्थिति रखते हुए बताया कि जिला स्तर से प्रखंड तक खाद लाने में परिवहन समेत अन्य खर्च जुड़ने के कारण करीब 355 रुपये तक की लागत आती है। विक्रेताओं के इस पक्ष के बाद बैठक में कीमत को लेकर चर्चा और तेज हो गई। उपस्थित सदस्यों ने किसानों पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ नहीं पड़ने देने तथा उर्वरक की बिक्री में पारदर्शिता बनाए रखने पर जोर दिया।


बैठक में इस बात पर भी जोर दिया गया कि उर्वरक की बिक्री निर्धारित नियमों के अनुसार होनी चाहिए। किसानों से किसी भी प्रकार की अवैध वसूली नहीं की जाए और खाद की कालाबाजारी पर प्रभावी ढंग से रोक लगे। सदस्यों ने कहा कि किसानों को खाद के लिए अनावश्यक परेशानी का सामना न करना पड़े, इसके लिए प्रशासन एवं संबंधित विभाग को लगातार निगरानी करनी चाहिए।
यूरिया की कीमत को लेकर लंबे समय तक चली चर्चा के बाद बैठक में सहमति बनी कि सभी राजनीतिक दलों के प्रखंड अध्यक्ष, प्रखंड प्रमुख और उप प्रमुख का एक शिष्टमंडल जिलाधिकारी से मुलाकात करेगा। शिष्टमंडल जिलाधिकारी को यूरिया की कीमत, आपूर्ति व्यवस्था और किसानों की समस्याओं से अवगत कराते हुए उचित समाधान की मांग करेगा। साथ ही किसानों से अवैध वसूली और उर्वरक की कालाबाजारी पर रोक लगाने के लिए प्रभावी कार्रवाई की मांग की जाएगी।


बैठक में कौशल सिंह, मनोज झा, अरुण शेखर कुंवर, रामचंद्र प्रधान, रत्नेश्वर प्रसाद सिंह, अतुल कुमार सिंह उर्फ दिलीप सिंह, पप्पू सिंह, परीक्षण महतो, सुमन सिंह, अरुण सिंह, मिथिलेश सिंह और शंभू साहू समेत अन्य लोग मौजूद रहे। बैठक में उठे मुद्दों को लेकर अब जिलाधिकारी के स्तर पर होने वाली वार्ता पर किसानों और जनप्रतिनिधियों की नजर टिकी है।
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