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शिवाजीनगर में भाजपा कार्यकर्ताओं ने सुनी पीएम मोदी की मन की बात,,,, मोदी ने कहा यूनेस्को की सूची में शामिल होगा बिहार का छठ महापर्व
Doorbeen News Desk: शिवाजीनगर प्रखंड अंतर्गत विभिन्न बूथों पर रविवार को भाजपा कार्यकर्ताओं और ग्रामीणों ने पीएम नरेंद्र मोदी के मासिक रेडियो कार्यक्रम मन की बात को उत्साहपूर्वक सुना। यह आयोजन भाजपा के तीनों मंडल अध्यक्ष पूर्वी मंडल से ललित कुमार झा, पश्चिमी मंडल से संतोष कुमार बबली और उत्तरी मंडल से सरोज कुमार के नेतृत्व में संपन्न हुआ।
लाइव प्रसारण के दौरान पीएम मोदी ने देशवासियों को संबोधित करते हुए कहा कि आस्था और संस्कृति के प्रतीक बिहार के छठ महापर्व को यूनेस्को की इनटैन्जिबल कल्चरल हेरिटेज लिस्ट में शामिल कराने के लिए भारत सरकार ने प्रयास शुरू कर दिए हैं। उन्होंने बताया कि यह पर्व आज सिर्फ बिहार या भारत तक सीमित नहीं है, बल्कि पूरी दुनिया में इसकी भव्यता देखी जा रही है। पीएम मोदी ने कहा, “छठ पूजा एक ऐसा पर्व है जिसमें हम डूबते सूर्य को अर्घ्य देकर उपासना करते हैं।


यह पर्व हमारी परंपरा और प्रकृति दोनोंकी से जुड़ा हुआ है। पीएम ने बताया कि जैसे कोलकाता की दुर्गा पूजा को यूनेस्को की सूची में शामिल किया गया था, वैसे ही अब छठ पूजा को भी अंतरराष्ट्रीय सांस्कृतिक पहचान दिलाने की दिशा में काम हो रहा है। इससे न केवल देश की सांस्कृतिक विरासत को वैश्विक पहचान मिलेगी, बल्कि विश्व समुदाय को भारत की आध्यात्मिक परंपराओं से परिचित होने का अवसर मिलेगा। कार्यक्रम के दौरान पीएम मोदी ने खादी और हैंडलूम को बढ़ावा देने की भी अपील की। उन्होंने कहा कि आगामी गांधी जयंती (2 अक्टूबर) पर सभी लोग खादी का कोई न कोई सामान जरूर खरीदें और #खादी हैशटैग के साथ सोशल मीडिया पर साझा कर वोकल फॉर लोकल अभियान को गति दें।

पीएम ने बिहार के मधुबनी की मिथिला पेंटिंग कलाकार स्वीटी की सराहना करते हुए कहा कि यह कला न सिर्फ सांस्कृतिक विरासत को जीवित रखे हुए है, बल्कि महिलाओं की आजीविका का सशक्त माध्यम बन चुकी है। उन्होंने कहा, “हमारी परंपराओं में आत्मनिर्भरता और रोजगार के असीम संभावनाएं छिपी हुई हैं, जरूरत है उन्हें पहचानने और प्रोत्साहन देने की। मौके पर भाजपा रोसड़ा आईटी सेल सह मीडिया प्रभारी नवीन कुमार सिंह, कैलाश पंडित, महेंद्र नारायण चौधरी, युवा मोर्चा मंडल अध्यक्ष माधव झा, शंभू झा, सरवन झा, अरुण मंडल, रंजीत कुमार मंडल, संतोष कुमार, मणि शंकर कुमार यादव, संजीत कुमार और धीरज कुमार सहित कई कार्यकर्ता थे।




