समस्तीपुर। जिला विधिक सेवा प्राधिकार के तत्वावधान में मनोज कुमार, जिला एवं सत्र न्यायाधीश-सह-अध्यक्ष, जिला विधिक सेवा प्राधिकार, समस्तीपुर एवं श्रीमती स्वाति सिंह सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकार समस्तीपुर के मार्गदर्शन में विश्व मानसिक स्वास्थ्य दिवस के अवसर पर मंडल कारा समस्तीपुर में मानसिक रूप से बीमार और मानसिक रूप से दिव्यांग व्यक्ति पर कार्यशाला का आयोजन किया गया । कार्यक्रम को संबोधित करते हुए अधीक्षक प्रशांत कुमार ओझा ने कहा की बदलती लाइफस्टाइल के बीच मेंटल हेल्थ एक बड़ी चुनौती बनती जा रही है। इससे जुड़ी समस्याएं जैसे स्ट्रेस, एंग्जायटी और डिप्रेशन के मामले बढ़ते जा रहे हैं।



इसकी एक बड़ी वजह ये भी है कि लोग अब भी मेंटल हेल्थ को गंभीरता से नहीं लेते और इस बारे में बात करने में भी हिचकिचाते हैं। इस ओर जागरूकता बढ़ाने और मेंटल हेल्थ की अहमियत को समझाने के लिए कार्यक्रम का अयोजन किया गया। अध्यक्षता अधीक्षक प्रशांत कुमार ओझा ने किया। आशा सेवा संस्थान के सचिव अमित कुमार वर्मा ने कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा कि मन अस्वस्थ रहेगा तो तन हमारा कभी भी स्वस्थ नहीं रहेगा। नकारात्मक सोंच मानसिक रूप से हमें बीमार बनता है। इसलिए हमें चाहिए कि हम नकारात्मक चीजों और नकारात्मक विचारों से अलग रहे साथ ही अपने आप को हमेशा व्यस्त रखें।




मौके पर पैनल अधिवक्ता प्रभास कुमार ने मानसिक रूप से बीमार और मानसिक रूप से दिव्यांग व्यक्ति को कानूनी सुविधाओं के बारे में विस्तृत रूप से बताया। मौके पर उपाधीक्षक रामानुज कुमार, सहायक अधीक्षक अमरेंद्र कुमार , समाज सेवी केशव किशोर प्रसाद, ईडेन वेलफेयर ट्रस्ट के चेयरमैन ब्रजकिशोर कुमार, पारा विधिक स्वयं सेवक सुमन कुमार सुमन आदि मौजूद थे।





