सभी महिलाओं और लड़कियों के लिए अधिकार, न्याय और कार्रवाई
Doorbeen News Desk: मुजफ्फरपुर। महंत दर्शन दास महिला महाविद्यालय, मुजफ्फरपुर के शिक्षाशास्त्र विभाग (बी.एड.) में सोमवार को अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस उत्साहपूर्वक मनाया गया। इस वर्ष का विषय था – “सभी महिलाओं और लड़कियों के लिए अधिकार, न्याय और कार्रवाई”।
कार्यक्रम में महाविद्यालय की प्राचार्या डॉ. अलका जायसवाल, बर्सर डॉ. अनुराधा सिंह, विभागाध्यक्ष डॉ. हरि शंकर कुमार, सहित महाविद्यालय के विभिन्न विभागों के शिक्षकगण तथा विभिन्न विभागों की छात्राएँ उपस्थित रहीं। कार्यक्रम का मंच संचालन मानसी ऋतु द्वारा किया गया, जिन्होंने अपने प्रभावी संचालन से पूरे कार्यक्रम को सुचारु रूप से आगे बढ़ाया।।
कार्यक्रम की शुरुआत बी.एड. विभाग की छात्राओं द्वारा प्रस्तुत एक नाट्य प्रस्तुति से हुई, जिसमें “चिंकी के संघर्ष से आईएएस बनने तक के सफर” को दर्शाया गया। इस प्रस्तुति में सोनाक्षी कुमारी, सगुन भारती, शाहीन नाज़, मनीषा कुमारी, नुसरत , फातिमा नूर के साथ-साथ अन्य छात्राओं ने भी सहभागिता निभाई।इसके बाद छात्राओं द्वारा “बेटी हमारी अनमोल” गीत की प्रस्तुति दी गई, जिसने कार्यक्रम को भावनात्मक और प्रेरणादायक बना दिया।
इस अवसर पर फातना नूर ने महिला सशक्तिकरण विषय पर अपने विचार व्यक्त किए
इसके उपरांत महाविद्यालय की प्राचार्या डॉ. अलका जायसवाल ने अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर प्रेरणादायक संबोधन दिया और महिलाओं की शिक्षा, आत्मनिर्भरता तथा समाज निर्माण में उनकी महत्वपूर्ण भूमिका पर प्रकाश डाला।
कार्यक्रम के अंतिम चरण में छात्राओं द्वारा नारी सशक्तिकरण पर आधारित एक विशेष प्रस्तुति दी गई, जिसमें नारी शक्ति के विभिन्न रूपों को प्रदर्शित किया गया। इस प्रस्तुति में संध्या कुमारी, शाहीन नाज़, मनीषा कुमारी, सगुन भारती, मानसी ऋतु, सोनाक्षी कुमारी, तनु कुमारी एवं जूही कुमारी ने भाग लिया।
कार्यक्रम में सम्माननीय शिक्षकगण – डॉ. स्मिता गौतम, डॉ. रवि कुमार, डॉ. सुमन्त कुमार, डॉ. पवन कुमार, डॉ. मनोज कुमार, डॉ. राजमणि कुमार, डॉ. मणिकांत कुमार, डॉ. श्रीनिवास सुधांशु, श्रीमती ममता कुमारी एवं श्रीमती साधना कुमारी सहित महाविद्यालय के अन्य शिक्षकगण तथा विभिन्न विभागों की छात्राएँ भी उपस्थित रहीं।
सभी ने छात्राओं की प्रस्तुति और प्रतिभा की सराहना की।
अंत में सभी प्रतिभागियों के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कार्यक्रम का समापन किया गया।





